हर एक मनुष्य का ऐसा दिन होता है,
जब वह दिन इतना खुशीत होता है की वह हँसता नहीं रोता है,
उस दिन उसे ठीक से याद नहीं होगा,
क्योकि वह दिन उसका जम्नदिन होता है।
जब वह दिन इतना खुशीत होता है की वह हँसता नहीं रोता है,
उस दिन उसे ठीक से याद नहीं होगा,
क्योकि वह दिन उसका जम्नदिन होता है।
